Newspost, MP State Desk.

सिंगरौली, मध्य प्रदेश।  जिले के सरई तहसील अंतगर्त झारा स्थित खरीदी केंद्र में किसानों से खरीदा गया सैकड़ों क्विंटल धान प्रशासनिक लापरवाही की भेंट चढ़ गया। शेड विहीन, खुले आसमान के नीचे रखे गए धान को बारिश से बचाने के लिए कोई ठोस उपाय नहीं किए गए थे। फलत: शनिवार को हुई बारिश में धान के बोरे पूरी तरह से भीग चुके हैं। इससे फसल की गुणवत्ता पर असर पड़ने का खतरा है। 

किसानों का कहना है कि प्रशासन ने धान की सुरक्षा के लिए न तो तिरपाल की व्यवस्था की और न ही किसी प्रकार का शेड बनाया। किसानों ने अपनी शिकायत में कहा कि उनकी मेहनत की फसल को इस तरह खराब होते देखना बेहद पीड़ादायक है। एक किसान ने कहा, “हमने अपनी फसल को बेचने के लिए केंद्र पर भरोसा किया, लेकिन यहां हालात बदतर हैं।” प्रशासनिक उदासीनता ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। खरीदी केंद्र पर तैनात कर्मचारियों का कहना है कि संसाधनों की कमी के कारण तिरपाल नहीं लगाया जा सका।

किसानों ने प्रशासन से तत्काल धान की सुरक्षा के लिए उचित प्रबंध करने की मांग की है। यदि समय पर कदम नहीं उठाए गए, तो यह स्थिति और गंभीर हो सकती है। बता दें कि सरई तहसीलदार चंद्रशेखर मिश्रा द्वारा झारा खरीदी केंद्र का निरीक्षण किया गया था जहां कमियां मिलने पर सहकारिता विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया था। किंतु विभाग द्वारा किसी भी प्रकार का व्यवस्था नहीं किया गया। नतीजा यह रहा कि धान की फसल भीग गई।

इनका कहना है-

हमारे द्वारा शुक्रवार को खरीदी केंद्र झारा का निरीक्षण किया गया था एवं हिदायत दी गई थी कि बारिश के बचाव के लिए तिरपाल आदि तैयार रखें। आपके द्वारा जानकारी मिली है। मैं जल्द ही खरीदी केंद्र झारा का फिर निरीक्षण करूंगा।

🔹 चंद्रशेखर मिश्रा, तहसीलदार सरई 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *