?आम जनता हताश, सक्रिय हैं मुआवजा माफिया

Newspost, National/Corporate Desk.

सिंगरौली, मध्य प्रदेश। कोयला खनन के लिए अब तक के इतिहास के सबसे बड़े मानव विस्थापन के लिए कोल इंडिया की कंपनी नॉर्दर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (NCL) के पक्ष में मोरवा (सिंगरौली नगर) में धारा 9 के प्रभावशील किये जाने के बाद एक ओर जहां बसे बसाए शहर के लोग विस्थापन को लेकर आशंकित हैं, तो वहीं त्रासदी को अवसर के रूप में भुनाने वाले तमाम मुआवजा माफिया मोटे मुआवजे के लोभ में शासकीय अशासकीय भूमि पर दिन रात निर्माण कराने में लगे हैं। इनमें एनसीएल व प्रशासनिक विभागों के लोग भी शामिल बताए जा रहे हैं।

मुआवजा के लोभ में अस्थाई किस्म के गुणवत्ताविहीन किये जा रहे निर्माणों से आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं। कभी निर्माणाधीन सामग्री पहुंचाने में लगे ट्रैक्टरों व अन्य वाहनों की चपेट में आकर लोग घायल होते देखे गए हैं। तो कभी निर्माणाधीन मकान ही ध्वस्त हो गया जिनमें कुछ मौतें भी हुई हैं। सोमवार को भी निर्माणाधीन मकान ढहने का चौथा मामला सामने आया। जहां अय्यप्पा मंदिर के पास एक निर्माणाधीन मकान इसलिए गिर गया क्योंकि उसकी शटरिंग 2 दिन में ही खोल दी गई थी। मकान नवानगर निवासी बलराम जैन का बताया जा रहा है। लोगों की मानें तो वह एनसीएल में सिविल कांट्रेक्टर का कार्य भी करता है।

बताया जाता है कि दो से तीन दिन पहले ही शटरिंग कर जैसे तैसे छत की ढलाई की गई थी। आज शटरिंग को खोलने के समय इस निर्माणाधीन मकान की छत ताश के पत्तों की तरह ढह गई। उसकी चपेट में आकर वहां काम कर रहे मजदूरों में राजमणि नामक महिला दब गई, जिसमें उसका हाथ टूट गया। वहीं दो अन्य को भी मामूली चोटें आई हैं। इस घटना के बाद वहां अफरा तफरी का माहौल हो गया। लोगों ने डायल 108 को फोन कर घटना की सूचना दी। जिसके बाद मौके पर पहुंचे एंबुलेंस ने घायलों को जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया है। इस घटना की मोरवा पुलिस द्वारा जांच की जा रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *