ज्ञापन न लेने के विरोध में लगाये गये प्रशासन के खिलाफ मुर्दाबाद के नारे
R.B. Singh ‘Raaz’
Regional Desk, सीधी, मध्य प्रदेश.
अखिल भारतीय ब्राम्हण संघ द्वारा कल सोमवार को पेशाब कांड के आरोपी के निर्दोष परिजनों के घर पर बुल्डोजर मामले को लेकर धरना दिया गया। जिसमें आरोपी पर कार्यवाही हुई लेकिन उसके घर में बुल्डोजर चलाए जाने के मामले में ब्राम्हण समुदाय ने वीथिका भवन परिसर में धरना दिया।
इसके उपरांत ब्राह्मण समाज के लोग कलेक्ट्रेट परिसर में जाकर ज्ञापन देने के लिए काफी समय तक खड़े रहे परंतु प्रशासन की तरफ से कोई ज्ञापन लेने नहीं आया. फिर कुछ पदाधिकारियों को अंदर बुलाया भी गया. उसके बाद भी कोई ज्ञापन नहीं लेनेआया तो नाराज ब्राम्हण समाज के पदाधिकारी ने बाहर आकर ये निर्णय लिया कि अब हम जिला प्रशासन को ज्ञापन नहीं देंगे।
गधे के पोस्टर में कलेक्टर का लिखा गया नाम

प्रशासन के इस रवैये से नाराज ब्राह्मण समाज के लोगों ने गधे का पम्पलेट मंगाकर, उसमें कलेक्टर का नाम लिखकर, कलेक्टर को गधे की उपाधि देकर, जमकर नारेबाजी की गई। बाद में एक अधिकारी ज्ञापन भी लेने आए लेकिन सभी ने मनाकर दिया. हम अब ज्ञापन नहीं देंगे. कलेक्टर की तानाशाही से हम लोग काफी खफा हैं। कलेक्टर को गधे की उपाधि तक दी गई।
मुख्यमंत्री का पिंडदान करेंगे: भारद्वाज
धरना प्रदर्शन के दौरान ब्राम्हण समुदाय के राष्ट्रीय अध्यक्ष पं. कुलदीप भारद्वाज ने कहा कि जिन्होने गलती किया उसको सजा मिली है. लेकिन उनके परिवार की क्या गलती थी? बरसात में उनका घर गिराने का क्या औचित्य है यह समझ से परे है। बुल्डोजर कांड को लेकर यह घोर अन्याय है। मुख्यमंत्री की निंदा करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री भारतद्वाज ने आगे कहा कि यह सरासर अन्याय है आरोपी कोई भी हो उसे सजा मिलनी चाहिए लेकिन उसके परिजनों के साथ अन्याय न हो इसका भी ध्यान देने की जरूरत होती है। उन्होने कहा कि अब इसकी आरपार की लड़ाई होगी। इसी वर्ष पितृ पक्ष में मुख्यमंत्री का पिंडदान किया जाएगा क्योंकि यह अन्याय पूरे समाज के साथ अन्याय है।
वहीं ब्राम्हण समाज के प्रदेश अध्यक्ष पं. राजेश दुबे ने कहा कि सरकार की यह तानाशाही है किसी के साथ अन्याय न हो सभी जाति के लोग हमारे साथ हैं. हम ब्राम्हण वर्ग से हैं लेकिन हर जाति के साथ ताल्लुक रखते हैं. लेकिन जब ब्राम्हणों के साथ अन्याय होगा तो लड़ाई लडऩे के लिए तैयार हैं। कुबरी में जो घटना हुई उसमें आरोपी प्रवेश शुक्ला की गिरफ्तारी हुई रासुका लगा. अब उसके बाद उनके परिजनों का क्या दोष जो कि उनका घर गिराया गया। उन्होने कहा कि पूरे मामले की जांच भी होनी चाहिए. यह वीडियो दो-तीन साल पहले की है. किसने बनाया इसके पीछे किसका हाथ था. इसके पहले क्यों वायरल नहीं किया गया. इन पूरे बिन्दु की जांच होनी चाहिए।
इसके अलावा ब्राम्हण समाज से शामिल पदाधिकारियों में स्तृति मिश्रा संभाग रीवा प्रभारी, सतीश पाण्डेय प्रदेश संगठन प्रभारी, अजय मिश्रा अध्यक्ष सीधी, कुलदीप उपाध्याय, संजय शुक्ला, बृजेश पाण्डेय उपाध्यक्ष, मृत्युंजय मिश्रा, सुजाता शर्मा, अभिलाष मिश्रा, अजय प्रताप शर्मा, रानू, नीरज तिवारी, अवनीश शर्मा, बद्री मिश्रा पडख़ुरी, प्रिंस मिश्रा, प्रदीप द्विवेदी, दीनानाथ तिवारी, जीवेन्द्र द्विवेदी, अजय चतुर्वेदी, नागेन्द्र तिवारी, राजेश द्विवेदी, मनोज मिश्रा, जीवेन्द्र शुक्ला, शिवेश कुमार मिश्रा, आनंद सहित काफी संख्या में पदाधिकारी उपस्थित थे।
