Newspost, Regional Desk, RB Singh ‘Raaz’.
साइबर फ्रॉड की एक नई घटना ने चौंका दिया था। हम बात कर रहे हैं पिछले दिनों सीधी के एक कार मालिक से साथ हुई घटना की। एक ऐसी घटना सामने आई है जिसमें बताया गया है कि वाहन मालिक की कार सीधी में उनके घर के बाहर खड़ी थी और रीवा के समीप खड्डा टोल प्लाजा में फास्टैग से टोल टैक्स कटने का मैसेज आ गया।
बाजार में घर के सामानों की खरीदी कर रहे शिक्षक के मोबाइल में जब टोल टैक्स काटने का मैसेज आया तो उनके आश्चर्य का ठिकाना नहीं रहा। उस दौरान वे शहर के बाजार में रात करीब 8 बजे मौजूद थे। मोबाईल पर मैसेज मिलते ही कार चोरी होने की आशंका पर वो दौड़े-दौड़े घर पहुंचे तो देखा कि कार पूर्ववत घर के सामने खड़ी है।
फ्रॉड का यह नया तरीका सायबर जालसाजों द्वारा इस्तेमाल करने की यह पहली घटना शहर में सामने आई है।
तत्संबंध में पीडित शिक्षक महेन्द्र सिंह चौहान ने बताया कि शहर के उत्कृष्ट विद्यालय के सामने शिव काम्प्लेक्स में उनका घर है। उनकी कार क्रमांक एमपी 53 सीए 7117 काम्प्लेक्स के सामने 13 जनवरी 2024 को रात को खड़ी थी। इसी दिन रात 8 बजकर 26 मिनट, 31 सेकंण्ड पर उनके एचडीएफसी बैंक से संबद्ध फास्टैग पर 60 रुपए का टोल टैक्स रीवा के समीप खड्डा टोल प्लाजा से कटने का मैसेज प्राप्त हुआ। यह जानकारी मिलने पर उनके द्वारा जब बाजार से घर पहुंच कर देखा गया तो कार घर में ही खड़ी थी और कार के अंदर देखा गया तो फास्टैग पूर्ववत लगा हुआ था।
श्री चौहान ने बताया कि 60 रुपए कोई ज्यादा रकम नहीं है। लेकिन साइबर फ्रॉड्स का ये तरीका पहली बार सामने आया है। यदि उनके ऊपर कोई कानूनी कार्यवाही नहीं हुई तो यह अन्य वाहन मालिकों को भी अपना शिकार बना सकते हैं। उस दौरान टोल प्लाजा में फास्टैग से दूसरे नंबर के वाहन की पेमेंट होने पर यदि कोई आपराधिक गतिविधियां होती हैं तो संबंधित वाहन मालिक भी कानूनी पचड़े में फंस जाएगा। इसी वजह से उनके द्वारा सिटी कोतवाली थाना में खड्डा टोल प्लाजा रीवा की भुगतान पर्ची के साथ लिखित रिपोर्ट की गई है।
इस मामले में पुलिस अधीक्षक सीधी को गंभीरता के साथ कार्यवाही करने की आवश्यकता है। जिससे साइबर फ्रॉड्स द्वारा अन्य वाहन मालिकों को अपना शिकार बनाकर कोई आपराधिक गतिविधियों को अंजाम न दिया जा सके। पुलिस द्वारा भी इस मामले को विवेचना में लेते हुए टोल प्लाजा से सीसीटीव्ही फुटेज लेने की बात की जा रही है।
